कचनार (Bauhinia variegata): जयपुर में कैसे लगाएँ और इसकी कलियों का उपयोग
Bauhinia variegata
कचनार वह ऑर्किड जैसे फूलों वाला पेड़ है जो सर्दी के आख़िर में बिना पत्तों की डालियों पर फूलता है और जिसकी कलियों से कचनार की कली की सब्ज़ी बनती है। जानिए जयपुर की गर्मी और पाले में यह कैसे रहता है, इसे कब और कैसे लगाएँ, पहले तीन साल कैसे सँभालें, और मिलते-जुलते Bauhinia पेड़ों से इसे कैसे पहचानें।
कचनार कैसे लगाएँ
कब लगाएँ
जुलाई या अगस्त में लगाएँ, जब मानसून की बारिश ज़मीन को अच्छी तरह भिगो दे। फरवरी से मार्च की शुरुआत में, जब पेड़ सुप्त रहता है, भी लगा सकते हैं, लेकिन तभी जब अप्रैल, मई और जून में हर कुछ दिन पानी दे सकें। अप्रैल से जून के बीच न लगाएँ।
पौधा कैसा चुनें
वन विभाग या भरोसेमंद नर्सरी से पॉलीबैग वाला पौधा लें, बेहतर हो कि 1–1.5 मीटर ऊँचा हो। लंबा पौधा जल्दी बकरियों की पहुँच और पैरों तले कुचले जाने से ऊपर निकल जाता है। कचनार बीज से तैयार होता है, कलम से नहीं।
सही पेड़ है या नहीं, यह ज़रूर देखें। कई Bauhinia प्रजातियाँ कचनार के नाम से बिकती हैं। असली कचनार की पंखुड़ियाँ चौड़ी और एक-दूसरे पर चढ़ी होती हैं, इसमें पाँच उपजाऊ पुंकेसर होते हैं, और यह सर्दी के आख़िर में बिना पत्तों वाली डालियों पर फूलता है। मिलता-जुलता Bauhinia purpurea (कहीं-कहीं इसे भी कचनार कहते हैं) की पंखुड़ियाँ पतली होती हैं, उपजाऊ पुंकेसर सिर्फ़ तीन होते हैं, और यह पतझड़ में पत्तों के साथ फूलता है।
गड्ढा, दूरी और सुरक्षा
- गड्ढा: 60 × 60 × 60 सेमी। निकली हुई मिट्टी में अच्छी सड़ी गोबर की खाद मिलाकर भरें। जहाँ दीमक ज़्यादा हो, वहाँ एक मुट्ठी नीम की खली डालें।
- दूरी: पेड़ों के बीच लगभग 5–6 मीटर, और दीवार से 4–5 मीटर।
- थाला: बारिश का पानी रोकने के लिए लगभग 1 मीटर चौड़ा, तश्तरी जैसा थाला बनाएँ।
- ट्री गार्ड: बकरी, भेड़ और गाय इसके पत्ते बड़े चाव से खाती हैं, इसलिए कम से कम दो साल गार्ड ज़रूरी है।
पहले साल में पानी (व्यावहारिक सलाह)
| मौसम | कितनी बार | हर बार कितना |
|---|---|---|
| मानसून (जुलाई–सितंबर) | केवल 8–10 दिन सूखा रहने पर | 10 लीटर |
| मानसून के बाद (अक्टूबर–नवंबर) | हफ़्ते में एक बार | 10–15 लीटर |
| सर्दी (दिसंबर–फरवरी) | हर 2 हफ़्ते, सुबह के समय | 10 लीटर |
| वसंत (मार्च) | हफ़्ते में एक बार | 15 लीटर |
| गर्मी (अप्रैल–जून) | हर 3–4 दिन | 15–20 लीटर |
मिट्टी में नमी हो तो पानी कम कर दें।
यह लेख AI की सहायता से तैयार किया गया है। महत्वपूर्ण जानकारी की पुष्टि हर भाग में दिए गए स्रोतों से करें।
ऐसा पेड़ लगाएं जिसे आप ट्रैक कर सकें
GreenEye की ज़मीन पर एक पेड़ लगाएं और उसे बढ़ते हुए ट्रैक करें।
यह लेख शेयर करें