12A और 80G पंजीकृतदान पर कर लाभ+91 92264 92263
पौधादेशी पेड़

अशोक (मास्ट ट्री): जयपुर में इसे कैसे लगाएँ और पालें

Monoon longifolium

सड़कों पर दिखने वाला ऊँचा, सदाबहार अशोक या मास्ट ट्री। जयपुर में इसे कैसे लगाएँ और पालें, यह पक्षियों-तितलियों को क्या देता है, और यह असली अशोक (सीता अशोक) से अलग क्यों है।

सांस्कृतिक महत्व

उत्तर भारत की बोलचाल में इस पेड़ ने "अशोक" नाम ले लिया है, और इसकी पत्तियाँ त्योहारों और शादियों की सजावट में काम आती हैं, जैसे गुजरात में दरवाज़े के तोरण। अंग्रेज़ों के समय में यह सड़कों और बगीचों का लोकप्रिय पेड़ बना। इसका कोई मान्य संस्कृत नाम नहीं है।

यह लेख AI की सहायता से तैयार किया गया है। महत्वपूर्ण जानकारी की पुष्टि हर भाग में दिए गए स्रोतों से करें।

ऐसा पेड़ लगाएं जिसे आप ट्रैक कर सकें

GreenEye की ज़मीन पर एक पेड़ लगाएं और उसे बढ़ते हुए ट्रैक करें।

विश्वकोश पर वापस जाएं