नीम का पेड़ (Azadirachta indica): जयपुर में कैसे लगाएँ और देखभाल करें
Azadirachta indica
नीम राजस्थान की गर्मी, कम बारिश और क्षारीय मिट्टी के लिए सबसे मज़बूत पेड़ों में से एक है। जानिए जयपुर में इसे कब लगाएँ, छोटे पौधों को पाले से कैसे बचाएँ, इसके फ़ायदे और पारंपरिक उपयोग, और नीम का तेल कभी क्यों नहीं निगलना चाहिए।
रोपण के तरीके
पौध (नर्सरी का पौधा)मुख्य तरीका
गड्ढा खोदें
गड्ढा 60 cm – 1 mखोदी गई मिट्टी में खाद मिलाएँ
पौधे को नर्सरी वाली मिट्टी के स्तर पर रखें
मिट्टी दबाएँ और पानी के लिए थाला बनाएँ
अच्छी तरह पानी दें
बीज
ताज़ा, स्वस्थ बीज चुनें और तैयार करें
कम और एक जैसी गहराई पर बोएँ
गहराई ≈ 2.5 cmहल्की मिट्टी से ढकें और नम रखें
पौधा मज़बूत होने पर दूसरी जगह लगाएँ
कलम (कटिंग)
स्वस्थ कलम काटें
इसे नम मिट्टी के मिश्रण में लगाएँ
जड़ें निकलने तक नम रखें
जड़ वाली कलम को रोप दें
यह लेख AI की सहायता से तैयार किया गया है। महत्वपूर्ण जानकारी की पुष्टि हर भाग में दिए गए स्रोतों से करें।
ऐसा पेड़ लगाएं जिसे आप ट्रैक कर सकें
GreenEye अपनी ज़मीन पर ऐसे ही पेड़ लगाता है। अपने पेड़ को बढ़ते हुए ट्रैक करें।
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